नई दिल्ली | 5 अगस्त 2026
हवाई यात्रा के दौरान एक बड़ा हादसा टल गया, जब थाईलैंड के फुकेट से दिल्ली आ रही एयर इंडिया की फ्लाइट AI-2379 को अचानक भीषण टर्बुलेंस का सामना करना पड़ा। तेज हवा और खराब मौसम के कारण विमान कुछ ही सेकंड में लगभग 300 फीट नीचे आ गया, जिससे विमान में बैठे यात्रियों के बीच अफरा-तफरी मच गई। कई यात्री अपनी सीटों से उछल गए और केबिन में रखा सामान भी गिर गया। इस घटना में यात्रियों और केबिन क्रू के कई सदस्य घायल हुए हैं।
उड़ान के दौरान अचानक बदले हालात
जानकारी के अनुसार एयर इंडिया की यह फ्लाइट मंगलवार को निर्धारित समय पर फुकेट से दिल्ली के लिए रवाना हुई थी। शुरुआती सफर सामान्य रहा, लेकिन उड़ान के बीच अचानक मौसम खराब हो गया। तेज बादलों और हवा के दबाव में बदलाव के कारण विमान को जोरदार टर्बुलेंस का सामना करना पड़ा।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार विमान में अचानक इतने तेज झटके लगे कि कई यात्रियों के हाथ से मोबाइल और अन्य सामान गिर गए। कुछ लोग सीट बेल्ट नहीं लगाए हुए थे, जिसके कारण उन्हें चोटें आईं। कई यात्रियों ने बताया कि कुछ सेकंड के लिए ऐसा लगा मानो विमान तेजी से नीचे गिर रहा हो।
300 फीट नीचे आया विमान
प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार टर्बुलेंस के दौरान विमान की ऊंचाई में करीब 300 फीट की गिरावट दर्ज की गई। हालांकि पायलट ने तुरंत स्थिति को संभाल लिया और विमान को सुरक्षित नियंत्रित कर लिया। इसके बाद उड़ान सामान्य रूप से जारी रही और विमान सुरक्षित दिल्ली पहुंच गया।
एविएशन विशेषज्ञों का कहना है कि टर्बुलेंस के दौरान ऊंचाई में अचानक बदलाव असामान्य नहीं है, लेकिन पायलटों को ऐसी परिस्थितियों से निपटने का विशेष प्रशिक्षण दिया जाता है।
कई यात्री और केबिन क्रू घायल
इस घटना में 10 यात्रियों और 4 केबिन क्रू सदस्यों को चोटें आने की जानकारी सामने आई है। अधिकांश को हल्की चोटें आईं, जबकि कुछ लोगों को एहतियात के तौर पर चिकित्सा जांच के लिए अस्पताल भेजा गया।
दिल्ली एयरपोर्ट पर विमान के उतरने से पहले ही मेडिकल टीम और इमरजेंसी सेवाओं को अलर्ट कर दिया गया था। विमान के सुरक्षित लैंड होते ही घायलों को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया गया।
एयर इंडिया ने जारी किया बयान
घटना के बाद एयर इंडिया ने आधिकारिक बयान जारी करते हुए कहा कि उड़ान के दौरान विमान को अप्रत्याशित टर्बुलेंस का सामना करना पड़ा। कंपनी ने पुष्टि की कि कुछ यात्रियों और केबिन क्रू को मामूली चोटें आई हैं।
एयरलाइन ने कहा कि सभी यात्रियों की सुरक्षा उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है और घटना की जांच संबंधित अधिकारियों के साथ मिलकर की जा रही है।
आखिर टर्बुलेंस होता क्या है?
टर्बुलेंस हवा के दबाव और दिशा में अचानक बदलाव के कारण उत्पन्न होने वाली स्थिति है। यह अक्सर बादलों, तूफान या जेट स्ट्रीम के आसपास देखने को मिलता है। ऐसे समय विमान में अचानक झटके महसूस हो सकते हैं और कुछ सेकंड के लिए विमान ऊपर या नीचे जा सकता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि आधुनिक विमान टर्बुलेंस को झेलने के लिए डिजाइन किए जाते हैं और सामान्य परिस्थितियों में इससे विमान को कोई गंभीर नुकसान नहीं होता। हालांकि यात्रियों की सुरक्षा के लिए सीट बेल्ट लगाए रखना बेहद जरूरी होता है।
यात्रियों के लिए क्या है सलाह?
एविएशन विशेषज्ञों के अनुसार—
- सीट पर बैठते ही सीट बेल्ट बांधकर रखें।
- सीट बेल्ट संकेत बंद होने के बाद भी बेल्ट ढीली करके लगाए रखें।
- टर्बुलेंस के दौरान घबराने के बजाय केबिन क्रू के निर्देशों का पालन करें।
- भारी सामान ओवरहेड बिन में सुरक्षित रखें।
निष्कर्ष
एयर इंडिया की फुकेट-दिल्ली फ्लाइट में हुई यह घटना एक बार फिर याद दिलाती है कि हवाई यात्रा के दौरान सुरक्षा नियमों का पालन कितना जरूरी है। राहत की बात यह रही कि विमान सुरक्षित दिल्ली पहुंच गया और कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ। फिलहाल एयरलाइन और संबंधित एजेंसियां घटना की जांच कर रही हैं।
